नर्मदापुरम। संत रामजी बाबा ट्रस्ट(sant Ramji baba trust) की जमीन पर लगे हरे-भरे पेड़ कटवाकर अतिक्रमण करने के प्रयास का कारनामा सामने आया है। यह कारनामा टैक्सी स्टैंड के सामने स्तिथ नर्मदा मशीनरी (narmada machinary) के संचालक अनिल अग्रवाल द्वारा करने की शिकायत जिला प्रशासन को हुई है। नर्मदा मशीनरी संचालक के ट्रस्ट की जमीन पर कब्जा करने के प्रयास की जानकारी मिलते इसका विरोध हो गया। प्रशासन के पास पहुंचे ट्रस्ट से जुड़े सदस्यों के तीखे तेवर देखकर जिला प्रशासन ने आरआई और नपा के राजस्व अमले को भेजकर अगले आदेश तक के लिए काम रुकवाया। इस मामले में नर्मदा मशीनरी संचालक अनिल अग्रवाल ने कहा कि उन्होंने किसी से कोई अभद्रता नहीं की है।
ट्रस्ट की जमीन पर 8 दुकानें, खाली पड़ी है काफी जगह
संत रामजी बाबा ट्रस्ट की जमीन पर किए जा रहे निर्माण के विरोध में कुछ सदस्यों ने कलेक्टर के नाम एक आवेदन डिप्टी कलेक्टर बबीता राठौर को दिया। शिकायत में कहा गया है कि रामजी बाबा समाधि एक पंजीकृत न्यास है जिसका पंजीयन क्रमांक 315/55 है। उक्त समाधि के बहुत सारे श्रद्धालुगण है तथा समय-समय पर अपनी आस्था प्रकट करने के लिए समाधि पर एकत्रित होते है। समाधि के बाहरी परिसर में ट्रस्ट की दुकानें है जिसमें से नजूल शीट नंबर 42 के प्लाट नंबर 14 पर दुकान क्र. 08 निर्मित है। उक्त दुकान के पीछे समाधि की खुली भूमि है जिसका उपयोग श्रद्धालुओं द्वारा मेले एवं भण्डारें में किया जाता है।
नर्मदा मशीनरी संचालक की शिकायत
शिकायत में कहा गया है कि उक्त दुकान क्र. 08 के किरायेदार अनिल अग्रवाल हैं जो नर्मदा मशीनरी के प्रोपराइटर हैं। नर्मदा मशीनरी संचालक अनिल अग्रवाल द्वारा उक्त दुकान के पीछे समाधि की भूमि पर तोड़फोड़ कर निर्माण करने का प्रयास किया जा रहा है। यहां के हरे भरे छायादारों पेड़ों को कटवा दिया गया है एवं मौके पर निर्माण सामग्री रख गई है। जब दुकान संचालक अनिल अग्रवाल से उक्त रिक्त भूखण्ड पर से सामग्री हटाने को कहा गया तो संचालक अनिल अग्रवाल द्वारा ट्रस्ट परिवार से जुडे लोगों के साथ अभद्र व्यवहार किया गया और बलपूर्वक निर्माण कराने की धमकी दी गई। इस बात की जानकारी समाधि से जुड़े हुए लोगों को हुई तो उन्होंने संचालक अनिल अग्रवाल को समझाने का प्रयास किया किंतु वे अतिक्रमण करने पर आमादा हैं।दुकान संचालक अनिल अग्रवाल विवाद कर बलपूर्वक समाधि की भूमि पर निर्माण करना चाहते है जिसको लेकर समाधि के भक्तों आक्रोश है और झगड़ा होने व अप्रिय स्थिति निर्मित होने की पूर्ण की संभावना है। जिला प्रशासन से निवेदन है कि दुकान संचालक अनिल अग्रवाल के विरूद्ध निर्माण संबंधी गैर कानूनी कार्य को लेकर कानूनी कार्यवाही करने की कृपा करें।
टीम भेजकर काम रुकवाया
ट्रस्ट की जमीन पर अतिक्रमण के प्रयास का मामला खुलने के बाद से ट्रस्ट सदस्यों और नर्मदा मशीनरी संचालक अनिल अग्रवाल के बीच तनातनी बढ़ गई है। सदस्यों द्वारा डिप्टी कलेक्टर को पूरे मामले की जानकारी देकर संभावित विवाद को रोकने की मांग भी की गई। मामले की गंभीरता को लेकर प्रशासन ने तुरंत कार्यवाही की और निर्माण स्थल पर आरआई को भेजा। इसी दौरान नगरपालिका के राजस्व विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची और वहां चल रही कार्रवाई को रुकवाया। नर्मदा मशीनरी संचालक द्वारा किए जा रहे काम को अगले आदेश तक के लिए रोकने के स्पष्ट निर्देश दिए गए।
इनका कहना है

रामजी बाबा ट्रस्ट के सदस्यों ने ट्रस्ट की जमीन पर दुकान संचालक द्वारा अतिक्रमण के लिए निर्माण चालू करने की शिकायत की है। टीम को भेजकर फिलहाल काम रुकवाया गया है। दस्तावेज देखने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बबिता राठौर, डिप्टी कलेक्टर नर्मदापुरम
हमारी दुकान के पीछे एक गड्डे दार कोना जो रामजीबाबा ट्रस्ट के सर्वरहकार महंत जी से पगड़ी पर अनुबंध के साथ लिया गया था. उस पर भविष्य में हम अनुबंध अनुसार निर्माण भी करेंगे इस बाबत सफाई कराई थी। इस संदर्भ में नजूल और नपा की टीम किसी की शिकायत पर जांच करने आई तो हमने समस्त दस्तावेज दे दिए, तब कोई असहज वातावरण नहीं था। शाम को महंत खानदान के अन्य सदस्य ने यह भ्रामक सूचना बांटी है। मुख्य महंत जी के भारसाधक ने भी R I और शिकायतकर्ताओं को समस्त दस्तावेज दिखाए भी थे लेकिन एक व्यक्ति अपने अन्य उद्देश्यों की पूर्ति के लिए यह सब कर रहा है।
अनिल अग्रवाल, संचालक नर्मदा मशीनरी नर्मदापुरम