इटारसी में इंदौर के मौत के पानीकांड की गूंज, विधायक का घर घेरने की कोशिश..

कांग्रेस ने किया विरोध प्रदर्शन व नारेबाजी
इटारसी। इंदौर में दूषित पानी ने कई जानें ले ली हैं और कई लोग अब भी जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। इंदौर में हुए पानीकांड को लेकर विरोध की गूंज इटारसी शहर में भी सुनाई दी। कांग्रेस के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव और नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नर्मदापुरम विस से भाजपा विधायक डॉ सीतासरन शर्मा के निवास का घेराव करने की भी कोशिश की मगर वे पुलिस की कड़ी सुरक्षा के चलते विधायक निवास तक नहीं पहुंच सके।
नगर कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर यह विरोध प्रदर्शन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष गुड्डन पांडेय और नगर कांगे्रस अध्यक्ष कन्हैया गोस्वामी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हाथों में झंडे और नारे लिखी तख्तियां लेकर सूरजगंज चौराहे से स्टेट बैंक चौराहे तक पदयात्रा निकाली और भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं की रैली को स्टेट बैंक चौराहे पर पुलिसकर्मियों ने बेरीकेटिंग कर रोक दिया। नारेबाजाी कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बैरीकेटिंग को लांघने की भी कोशिश की मगर पुलिस ने उन्हें सफल नहीं होने दिया। नाराज कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्टेट बंैक चौराहे पर ही भाजपा सरकार, मुख्यमंत्री मोहन यादव व नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कांग्रेसियों ने शहर की पेयजल सप्लाई लाइनों पर ध्यान दिलाने के लिए नारेबाजी के माध्यम से नर्मदापुरम विधायक डॉ सीतासरन शर्मा को भी संदेश दिया। नगर कांग्रेस अध्यक्ष कन्हैया गोस्वामी ने कहा कि 17 मासूमों की मौत के जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई नहीं की जा रही है। अगर नगरीय प्रशासन मंत्री 11 जनवरी से पहले इस्तीफा नही देते हैं तो 11 जनवरी को इंदौर में कांग्रेस बड़ा आंदोलन करेगी। गोस्वामी ने कहा कि इटारसी नपा को भी हम चेतावनी देते हैं कि वे शहर में पेयजल सप्लाई व्यवस्था में सुधार कर लें अन्यथा यहां भी बड़ा आंदोलन कांग्रेस खड़ा करने का काम करेगी। इस अवसर पर पूर्व नपाध्यक्ष नीलम गांधी, रमेश बामने, मोहन झलिया, पंकज राठौर, दिलीप गोस्वामी, गजानंद तिवारी, अमोल उपाध्याय, राजेंद्र तोमर सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
100 मीटर का एरिया बंद
कांगे्रस के विधायक निवास का घेराव करने की सूचना पुलिस प्रशासन को पहले ही मिली होने से पुलिस ने अपना होमवर्क पहले ही कर लिया था। एसडीओपी वीरेंद्र मिश्रा, टीआई गौरव बुंदेला, पथरोटा थाना प्रभारी संजीव पवार, रामपुर थाना प्रभारी विपिन पाल पूरा समय पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। विधायक निवास के दोनों तरफ करीब 100 मीटर के एरिया को बेरीकेट्स लगाकर रोका दिया गया था। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बेरीकेट्स पार करने की कोशिश भी की मगर वे अंदर जाने में सफल नहीं हो सके।
आंदोलन में नहीं दिखी धार
विधायक निवास के घेराव को लेकर कांगे्रस ने एक दिन पहले जो भूमिका सामने रखी थी उससे लग रहा था कि काफी लंबे अरसे बाद कांगे्रस के आंदोलन में धार दिखेगी मगर विधायक निवास के करीब आते ही आंदोलन की धार बोथरी हो गई। कांग्रेस का आंदोलन एक प्रीप्लान्ड आंदोलन नजर आया जिसमें पुलिस व कांग्रेस ने बेहतर युगलबंदी का नजारा पेश किया। ना तो कांग्रेसी बेरीकेट्स फांदने की कोशिश करते नजर आए और ना पुलिसकर्मियों को बल प्रयोग करने में ऊर्जा खराब करना पड़ी। सब कुछ पटकथा के अनुसार होता चला गया।

एक चर्चा यह भी रही
कांग्रेस के इस आंदोलन के बाद कांग्रेस के ही गलियारे में एक चर्चा यह भी रही कि चूंकि प्रदेश कांग्रेस के मुखिया के विधायक-सांसद के निवास का घेराव करने के कड़े निर्देश थे इसलिए कांग्रेस में कई ऐसे चेहरे भी थे जो भाजपा विधायक की गुड बुक से नाम डिलीट नहीं करना चाहते थे मगर आंदोलन करना भी जरुरी था इसलिए आंदोलन के नाम पर एक औपचारिकता करना जरुरी था जिसकी जानकारी जहां पहुंचाना थी वहां पहुंचाई भी गई और आंदोलन को बड़े ही सफाई से कराते हुए प्रदेश कांग्रेस के मुखिया की नजरों में नंबर कम करने से बचा भी लिए गए।
किसने क्या कहा
इंदौर में दूषित पानी से मौतों की जिम्मेदार भाजपा सरकार और उसके नगरीय प्रशासन मंत्री हैं। इटारसी में भी पानी सप्लाई की स्थिति अच्छी नही है। इस खतरे से आगाह करने के लिए ही कांग्रेस ने विधायक निवास के सामने घंटा बजाकर उन्हें जगाने का प्रयास किया है। पूरे जिले में यह प्रदर्शन हुआ है। अगर नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय से इस्तीफा नहीं लिया जाता है तो कांग्रेस आंदोलन करेगी। इस मामले में इंदौर के प्रभारी मंत्री व मुख्यमंत्री मोहन यादव को भी इस्तीफा देना चाहिए।
शिवाकांत पांडेय, जिला कांग्रेस अध्यक्ष