
इटारसी। शहर में पिछले महीने 16 जुलाई को विश्वनाथ टॉकीज रोड पर हुए पवन भदौरिया हत्याकांड में फरार चल रहे 2 आरोपियों को पुलिस ने आखिरकार ढूंढ निकाला। पवन भदौरिया हत्याकांड के पीछे ट्रेनों में खाना सप्लाई से जुड़ा विवाद सामने आया था। हत्याकांड के बाद से ही ये दोनों आरोपी फरार चल रहे थे। इनके दो अन्य साथियों को पहले ही पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने पवन भदौरिया हत्याकांड में फरार चल रहे 2 आरोपियों को 26 अगस्त को उत्तर प्रदेश के वाराणसी-मिर्जापुर हाईवे से पकड़ा। उनकी धरपकड़ के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही थी। सिटी पुलिस के अनुसार ट्रेन में खाने की सप्लाई को लेकर पुराने विवाद के चलते दोनों पर हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आदित्य कैथवास और आकाश मौर्य के रूप में हुई है। दोनों को कोर्ट में पेश किया गया है।
यह है मामला
16 जुलाई को विश्वनाथ टॉकीज मार्ग पर अनिकेत उर्फ पवन भदौरिया पर आरोपियों ने शाम के वक्त हमला कर दिया था। हमले में पवन भदौरिया चाकू लगने से घायल हो गया था जिससे उसकी मौत हो गई थी। इटारसी थाने में अपराध क्रमांक 632/2026 के तहत धारा 103 (1), 3(5) बीएनएस और 25 आर्म्स एक्ट में केस दर्ज किया गया था। पुलिस के मुताबिक जांच के दौरान अनिकेत उर्फ पवन भदौरिया का आदित्य कैथवास और आकाश मौर्य से पुराना विवाद सामने आया था। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने दोनों को हत्या के मामले में आरोपी बनाया था। मामले में पुलिस ने 17 जुलाई को शुभम यादव और हसीब खान उर्फ आशु को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था।
आदित्य पर पांच और आकाश पर आठ केस
पुलिस ने बताया कि आदित्य कैथवास और आकाश मौर्य के खिलाफ इटारसी थाने में पहले से ही कई अपराध दर्ज हैं। आदित्य कैथवास पर 5 अपराध दर्ज हैं। इनमें हत्या के प्रयास, अड़ीबाजी, बलवा, तोड़फोड़ और धारदार हथियार से मारपीट के मामले शामिल हैं। वहीं आकाश मौर्य के खिलाफ 8 अपराध दर्ज बताए गए हैं। इनमें अडीबाजी, घर में घसकर तोडफोड, अवैध हथियार रखने और शराब बेचने के मामले शामिल हैं।